➤ हिमाचल विधानसभा का मानसून सत्र अगस्त में होने की संभावना
➤ 20 जुलाई की कैबिनेट बैठक में सत्र की तिथियों और अवधि पर होगा फैसला
➤ उपाध्यक्ष और चीफ व्हिप के रिक्त पद भरने की प्रक्रिया भी हो सकती है शुरू
शिमला। हिमाचल प्रदेश विधानसभा का मानसून सत्र अगस्त माह में आयोजित होने की संभावना है। इसे लेकर सरकार और विधानसभा सचिवालय ने प्रारंभिक तैयारियां शुरू कर दी हैं। माना जा रहा है कि 20 जुलाई को प्रस्तावित प्रदेश मंत्रिमंडल की बैठक में मानसून सत्र की तिथियों और अवधि पर चर्चा के बाद औपचारिक घोषणा की जा सकती है।
जानकारी के अनुसार विधानसभा के नियमों के तहत वर्षभर में 35 बैठकें आयोजित करना आवश्यक होता है। इस वर्ष बजट सत्र दो चरणों में आयोजित किया गया था, जिसमें कुल 16 बैठकें हुई थीं। विधानसभा के इतिहास में यह पहला अवसर था, जब बजट सत्र दो चरणों में संपन्न हुआ।
सूत्रों के अनुसार इस बार मानसून सत्र अपेक्षाकृत लंबा चल सकता है। इसके पीछे मुख्य उद्देश्य विधानसभा की निर्धारित बैठकों की संख्या पूरी करना और सदन में अधिक से अधिक सरकारी कामकाज निपटाना है। साथ ही विपक्ष को भी प्रदेश और जनहित से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर चर्चा का पर्याप्त अवसर देने की तैयारी है।
इस बीच मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू पहले ही मंत्रिमंडल विस्तार के संकेत दे चुके हैं। ऐसे में संभावना जताई जा रही है कि मानसून सत्र के दौरान लंबे समय से रिक्त पड़े विधानसभा उपाध्यक्ष और चीफ व्हिप के पदों को भरने की प्रक्रिया भी पूरी की जा सकती है।
अब प्रदेश की राजनीति और प्रशासनिक हलकों की निगाहें 20 जुलाई को होने वाली कैबिनेट बैठक पर टिकी हैं, जहां मानसून सत्र की अवधि, तिथियों और अन्य महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर अंतिम निर्णय लिया जा सकता है।



